खबर लिखने से पहले ही बता दूं कि पूरा मामला तकनीकी है और आपको अधिक ना उलझाते हुए आसान भाषा में इसे समझाऊंगा। भारत की एक बड़ी डिजिटल सिक्योरिटी कंपनी eMudhra की 8 ‘प्राइवेट की’ लीक होकर अनसेफ हो गई हैं। यह इसलिए चिंता की बात है क्योंकि जो डिजिटल ‘की’ यानी चाबियां लीक हुईं, उनसे वेबसाइटों का सुरक्षा घेरा- SSL/TLS सर्टिफिकेट तैयार होता है। खास यह है कि आधार जारी करने वाली संस्था UIDAI और इनकम टैक्स फाइलिंग पोर्टल समेत भारत की कई सरकारी वेबसाइटें, ई-मुद्रा के सर्टिफिकेट और अन्य तकनीकों का इस्तेमाल करती हैं। यह आम आदमी के लिए कैसे खतरा बन सकता था और भारत सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी CERT-In ने कौन सी एडवाइजरी जारी की है, आइए जानते हैं।
क्या लापरवाही हुई?
द हिंदू समेत कई अन्य रिपोर्ट से पता चलता है किसी वेबसाइट के लिए तैयार होने वाली ‘प्राइवेट की’ को बहुत अधिक सेफ होना चाहिए ताकि कोई उसका अंदाजा ना लगा पाए।
लेकिन eMudhra की 8 ‘प्राइवेट की’ बनाने में लापरवाही की गई। जानकारी के अनुसार, इन्हें रैंडम 384-बिट नंबर होना चाहिए था। लेकिन इनमें से एक 4 था और दूसरा 56।
किस बात का था खतरा?
जो ‘की’ लीक हुईं, अगर वो हैकर्स तक पहुंच जातीं तो लीक चाबियों की मदद से असली दिखने वाली नकली वेबसाइटें बनाई जा सकती थीं। सरकारी वेबसाइटों की नकली वेबसाइट बनने से खतरा और बढ़ जाता, क्योंकि यूजर को लगता कि वो असली वेबसाइट पर है। यूजर के डेटा की चोरी होने का खतरा रहता।
CERT-In ने क्या कहा?
भारत सरकार की कंप्यूटर इमरजेंसी रेस्पॉन्स टीम यानी CERT-In ने इस पूरे मामले का बताते हुए कुछ सिक्योरिटी उपाय करने को कहा है।
सॉफ्टवेयर अपडेट करें: लोगों को सलाह दी गई है कि वो अपने Firefox, Chrome और अन्य ऑपरेटिंग सिस्टमों या वेब ब्राउजरों पर फौरन लेटेस्ट सिक्योरिटी अपडेट को अपडेट करें।
सर्टिफिकेट वेरिफिकेशन बाईपास ना करें: कभी भी ब्राउजर या सिस्टम में मिलने वाली सर्टिफिकेट वॉर्निंग्स को नजरअंदाज या बाईपास ना करें।
बताया जाता है कि दुनिया की प्रमुख कंपनियों जैसे- मोजिला ने तुरंत एक अपडेट रिलीज करके eMudhra की प्रभावित ‘की’ को ब्लॉक कर दिया है। गूगल ने Chrome में उन ‘की’ को ब्लॉक कर दिया है साथ ही 27 अक्टूबर 2026 से eMudhra के एक प्रमुख सुरक्षा सिस्टम- emSign Root CA पर ट्रस्ट करना बंद करने का फैसला किया है।
कंपनी का पक्ष
eMudhra का कहना है कि लीक हुई चाबियों से किसी भी व्यक्ति या वेबसाइट को सर्टिफिकेट नहीं दिया गया था। कंपनी का मेन सिस्टम- Root CA पूरी तरह सेफ है।